Public key and private key in Hindi

क्रिप्टो करेंसी : PUBLIC KEY AND PRIVATE KEY क्या होते है?

Public key and private key in Hindi: Public Key और Private Key बिटकॉइन और अन्य क्रिप्टोकरेंसी का एक अभिन्न अंग हैं। ये लेनदेन को सत्यापित करने के लिए किसी तीसरे पक्ष की आवश्यकता के बिना क्रिप्टोकरेंसी भेजने और प्राप्त करने की अनुमति देते हैं। ये कुंजियाँ public-key cryptography (PKC) ढांचे का एक हिस्सा हैं। आप इन चाबियों का उपयोग किसी को भी, कहीं भी, कभी भी अपनी क्रिप्टोकरेंसी भेजने के लिए कर सकते हैं।  लेन-देन प्राप्त करने के लिए आप अपनी Public Key (सार्वजनिक कुंजी) साझा कर सकते हैं, लेकिन आपको Private Key (निजी कुंजी) को किसी को नहीं बताना है. अगर किसी के पास निजी कुंजी तक पहुंच है, तो वो क्रिप्टोकरेंसी चुरा सकते है.

पब्लिक की और प्राइवेट की क्या हैं (Public key and private key in Hindi)? यहां, हम जानेंगे वे कैसे काम करते हैं और आपको क्या जानने की जरूरत है।

सार्वजनिक और निजी कुंजियाँ ब्लॉकचैन नेटवर्क पर निर्मित क्रिप्टोकरेंसी का एक अभिन्न अंग हैं जो कि सार्वजनिक कुंजी क्रिप्टोग्राफ़ी (पीकेसी) या असममित एन्क्रिप्शन (Public Key Cryptography (PKC) or Asymmetric Encryption) के रूप में क्रिप्टोग्राफ़ी के एक बड़े क्षेत्र का हिस्सा हैं। 

आगे बढ़ने से पहले अगर आप पहली बार क्रिप्टो करेंसी के बारे में पढ़ रहे है तो आप इस पोस्ट को पढ़े आपके क्रिप्टो से जुड़े सारे डाउट दूर हो जायेंगे. Cryptocurrency in Hindi: क्रिप्टो करेंसी क्या है? क्रिप्टो करेंसी और रूपये में क्या अंतर है?

Public Key and Private Key main points

  1. Public Key और Private Key का लक्ष्य यह साबित करना है कि खर्च किए गए लेन-देन पर वास्तव में धन के स्वामी द्वारा हस्ताक्षर किए गए थे, और जाली नहीं थे।
  2. जब आपके पास क्रिप्टोकरेंसी होती है, तो आपके पास वास्तव में एक “निजी कुंजी” होती है
  3. आपकी “निजी कुंजी” इसके मालिक के लिए संबंधित क्रिप्टोकरेंसी खर्च करने के अधिकार को अनलॉक करती है। चूंकि यह आपकी क्रिप्टोकरेंसी तक पहुंच प्रदान करता है, इसलिए इसे निजी रखना चाहिए।
  4. आपके पास प्रत्येक Private Key से जुड़ी एक या एक से अधिक Public Keys हो सकती हैं
  5. यदि आप निजी कुंजी के स्वामी हैं, तो सार्वजनिक कुंजी को फिर से प्राप्त करना संभव है। हालाँकि केवल सार्वजनिक कुंजी का उपयोग करके निजी कुंजी खोजना असंभव है।
  6. पहली बार लेन-देन शुरू करते समय उपयोगकर्ताओं को एक निजी कुंजी और एक सार्वजनिक कुंजी जारी की जाती है।

Public Key क्या होता है-Public key In Hindi?

एक पब्लिक Key आपको क्रिप्टोकरेंसी लेनदेन प्राप्त करने की अनुमति देती है। यह एक क्रिप्टोग्राफ़िक कोड है जिसे एक प्राइवेट की या निजी कुंजी से जोड़ा जाता है। जब भी कोई  पब्लिक Key address पर कोई क्रिप्टो करेंसी भेजता है, आपको करेंसी बैलेंस “अनलॉक” या देखने के लिए निजी कुंजी की आवश्यकता होती है. और इससे ये साबित होता है कि आप ही प्राप्त क्रिप्टोकरेंसी के मालिक हैं। पब्लिक key जिस पर क्रिप्टो करेंसी भेजा जाता है वो इसी से एक एड्रेस निकाला जाता है. सार्वजनिक कुंजी आमतौर पर एक पता होती है, जो आपकी सार्वजनिक कुंजी का संक्षिप्त रूप है। Public Key example = 03F028892BAD7ED57D2FB57BF33081D5CFCF6F9ED3D3D7F159C2E2FFF579DC341A

Private Key क्या होता है-Private key in Hindi?

एक निजी कुंजी (Private Key) आपको स्वामित्व साबित करने या आपके सार्वजनिक पते (Public Address) से जुड़े धन को खर्च करने की क्षमता देती है। निजी कुंजी केवल उसके उपयोगकर्ता को उपलब्ध कराई जाती है और उपयोगकर्ता को अपने खाते से लेनदेन की सुविधा के लिए अनुमति देती है। एक Private Key कई तरह की हो सकती है. जैसे कि

  • 256 character long binary code
  • 64 digit hexadecimal code
  • QR code
  • Mnemonic phrase

Private Key example = W1hHtJNhjpWDdAVMArh3UqmnTXEVx6J6Faui8cKXSPKyQMLEkJ38

Public Key और Private Key कैसे काम करते है?

सभी cryptocurrency wallet में Public Key और Private Key दोनों होते है. प्राइवेट की का उपयोग संपत्ति के स्वामित्व को प्रमाणित करने और वॉलेट को एन्क्रिप्ट (encrypt) करने के लिए किया जाता है. और Public Key का उपयोग वॉलेट की पहचान करने और धन प्राप्त करने के लिए उपयोग किए जाने वाले Public Address प्राप्त करने के लिए किया जाता है।

जब भी आप कोई crypto wallet सेटअप करते है या पहली बार यूज करते है तो आपको 12 शब्दों का एक फ्रेज या वाक्यांश दिया जाता है. ये  शब्द पब्लिक की और प्राइवेट की infinite combinations होते है. 12 शब्दों का फ्रेज आपका प्राइवेट की होता है.और इसका उपयोग आपके वॉलेट को पुनर्स्थापित करने के लिए किया जाता है यदि आप अपने वॉलेट तक पहुंच खो देते हैं। इस फ्रेज के पीछे भी एक key होता है जो कि इस प्रकार होता है -:W1hHtJNhjpWDdAVMArh3UqmnTXEVx6J6Faui8cKXSPKyQMLEkJ38″ फ्रेज केवल हमें याद करने के लिए होते है क्योंकि फ्रेज के पीछे key को आप याद नहीं कर पाएंगे.

Private Key practical example

उदाहरण के लिए, जब आप पहली बार Trust Wallet जैसे मोबाइल वॉलेट को डाउनलोड और इंस्टॉल करते हैं, तो यह आपको 12 शब्दों का फ्रेज के रूप में Private Key देता है. और आपको key को नोट करने के लिए कहा जाता है। एक बार जब आप इसे लिख लेते हैं और सुरक्षित रूप से संग्रहीत कर लेते हैं, तो आप अपने क्रिप्टो वॉलेट तक पहुंच सकते हैं। उदाहरण के तौर पर, यदि आप ट्रस्ट वॉलेट के साथ अपना स्मार्टफोन खो देते हैं, तो आप बस ऐप को फिर से डाउनलोड कर सकते हैं और अपने नए स्मार्टफोन में अपने वॉलेट को पुनर्स्थापित करने के लिए अपने 12 शब्दों का फ्रेज उपयोग कर सकते हैं। और फिर आप अपने फण्ड का एक्सेस प्राप्त कर लेंगे और सिक्के भेजने और प्राप्त करने में सक्षम होंगे। याद रखें, जिसके पास वॉलेट की Private Key, वह वॉलेट में धन को पुरे तरह से नियंत्रित करता है।

Note-याद रखने वाली एक महत्वपूर्ण बात ये है कि है: कभी भी अपनी Private Key किसी के साथ साझा न करें। एक Private Key आपको स्वामित्व साबित करने या आपके public address से जुड़े धन को खर्च करने की क्षमता रखती है.

Public Key और Private Key में अंतर | Difference between public key and private key in Hindi

सार्वजनिक और निजी कुंजियाँ क्रमशः ईमेल पते और पासवर्ड के समान होती हैं। अब थोडा उदाहरण से जानते है कि पब्लिक की और प्राइवेट की में क्या अंतर है?

मोहन सैद्धांतिक रूप से अपनी निजी कुंजी से अरबों सार्वजनिक कुंजी (पते) बना सकता है, जिसमें से उसके पास केवल एक ही है और वह अपने निजी पासवर्ड के रूप में Private Key रखता है। एक बार जब मोहन जब एक सार्वजनिक कुंजी पता (public key address) बनाता है, तो वह पता network में सभी उपयोगकर्ताओं के लिए एक पते के रूप में सार्वजनिक रूप से उपलब्ध हो जाता है. जहां वो यूजर बिटकॉइन जैसी क्रिप्टोकरेंसी भेज सकते हैं। और केवल मोहन ही उस पब्लिक पते पर भेजी गई क्रिप्टोकरेंसी तक पहुंच सकता है क्योंकि उसके पास सार्वजनिक रूप से उपलब्ध सभी public key address की संबंधित कुंजी Private Key है.

Public Key and Private Key FAQs

मेरी प्राइवेट की कहा है?

आपकी प्राइवेट की एक क्रिप्टो करेंसी वॉलेट में होती हैं, जो आम तौर पर मोबाइल या डेस्कटॉप सॉफ़्टवेयर या एक विशेष hardware device होती है। आपकी निजी कुंजियाँ  या प्राइवेट की क्रिप्टो करेंसी Blockchain network पर नहीं होती हैं। और यदि आप किसी क्रिप्टो एक्सचेंज पर क्रिप्टो करेंसी रखते हैं, तो एक्सचेंज ही आपकी निजी कुंजी का संरक्षक है. 

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क्या मुझे Private key उत्पन्न करने की आवश्यकता है?

ज्यादातर बार आपको  Private key उत्पन्न करने की आवश्यकता नही है। उदाहरण के लिए, यदि आप Coinbase या Blockchain.info जैसे वेब वॉलेट का उपयोग करते हैं, तो वे आपके लिए निजी कुंजी बनाते और प्रबंधित करते हैं। ऐसा ही क्रिप्टो एक्सचेंज भी करते है. अगर आप क्रिप्टो एक्सचेंज पर क्रिप्टो ट्रेड करते है तो आपको Private key उत्पन्न करने की आवश्यकता नहीं है. मोबाइल और डेस्कटॉप वॉलेट भी आमतौर पर आपके लिए एक निजी कुंजी उत्पन्न करते हैं, और आपको बता देते है.

पब्लिक की किस लिए यूज होती है?

पब्लिक की का उपयोग मेसेज या लेन देन को को एन्क्रिप्ट करने के लिए किया जाता है.

प्राइवेट की किस लिए यूज होती है?

निजी कुंजी का उपयोग मेसेज या लेन देन डिक्रिप्ट करने के लिए किया जाता है। मतलब आप प्राइवेट की से ही अपना सारा क्रिप्टो करेंसी फण्ड देख सकते है और फण्ड पर आपका पूरी तरह से कण्ट्रोल होता है. 

निष्कर्ष:Public key and private key in Hindi 

दोस्तों यहाँ पर मैंने आपको पब्लिक की और प्राइवेट की के बारे में हिंदी में आसान भाषा में सब बता दिया है. जो क्रिप्टो करेंसी फण्ड को मैनेज करने में बहुत काम आएगी. क्रिप्टो करेंसी पर हैकरो का ध्यान बहुत रहता है. इसलिए पब्लिक की और प्राइवेट की समझ होनी बहुत जरुरी है. इससे सम्बंधित कोई प्रश्न हो तो आप कमेंट करके पूछ सकते है. आपके प्रश्नों का जवाब देने में हमें बहुत ख़ुशी होगी.

 

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